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पंडित शास्त्री बोले-करवा चौथ का नाम ‘खसम पूजन दिवस’ रखा:भक्त के सवाल पर कहा-एक दिन पूजा, 364 दिन पत्नी को ताने नहीं देने चाहिए




मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले के करेरा नगर में बाबा बागेश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की सात दिवसीय श्रीराम कथा चल रही है। 24 से 30 अक्टूबर तक आयोजित कथा में सोमवार को ‘सीधी बात’ सेशन के दौरान करवा चौथ को लेकर सवाल पूछा गया। इस पर बाबा का मजाकिया अंदाज में कहा- करवा चौथ का नया नाम हमने खसम पूजन दिवस रख दिया। नई शादी वाले भक्त ने पूछा सवाल कथा के दौरान एक भक्त ने पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री से पूछा कि उसकी नई-नई शादी हुई है। क्या इस बार उसकी पत्नी करवा चौथ का व्रत रख सकती है? सवाल सुनकर बाबा ने ठहाके लगाए और मजाकिया अंदाज में करवा चौथ को नया नाम दे दिया। बोले- करवा चौथ का नाम ‘खसम पूजन दिवस’ रख लिया इस पर ठहाके लगाते हुए पंडित धीरेंद्र शास्त्री ने मजाकिया अंदाज में कहा कि हमने तो करवा चौथ का नया नाम खसम पूजन दिवस’ रख लिया है। उन्होंने आगे कहा कि व्रत रखना चाहिए, पाश्चात्य संस्कृति के इस दौर में शास्त्रों में भले ही इसका बहुत कड़ा विधान न मिलता हो, लेकिन एक संकल्प जरूर लेना चाहिए। 364 दिन पत्नी को ताने नहीं देने चाहिए बाबा ने चुटकी लेते हुए आगे कहा कि सिर्फ एक दिन व्रत रखकर बाकी के 364 दिन पतियों को यह ताने नहीं मारने चाहिए कि “कहां से मिल गए, कौन से मुहूर्त में शादी हुई थी, इससे अच्छा तो हम ऐसे ही मर जाते”। उन्होंने संदेश दिया कि जिस शिद्दत और साधना के साथ पति की दीर्घायु के लिए करवा चौथ के दिन प्रार्थना की जाती है, वैसी ही भावना बाकी के पूरे साल भी बनी रहनी चाहिए, तभी करवा चौथ का व्रत सार्थक और सफल है। बयान सोशल मीडिया पर चर्चा में करवा चौथ और पति-पत्नी के रिश्ते पर बाबा बागेश्वर की इस टिप्पणी को लेकर चर्चा हो रही है। उनके मजाकिया अंदाज में दिए गए बयान के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। सतना में श्रीराम कथा के चतुर्थ दिवस पर भगवान श्रीरामलला का प्राकट्योत्सव धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर मध्यप्रदेश सरकार की पूर्व मंत्री इमरती देवी भी कथा श्रवण करने पहुंचीं। उन्होंने व्यासपीठ पर विराजमान बागेश्वर सरकार से आशीर्वाद लिया। कथा के दौरान बागेश्वर सरकार ने भगवान श्रीराम के प्राकट्योत्सव के बधाई गीत गाए, जिन पर पूर्व मंत्री इमरती देवी भी श्रद्धालुओं के साथ झूमती नजर आईं।



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